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“डॉलर के मुकाबले ऑल टाइम लो पर पहुंचा रुपया। डॉलर के सामने भारतीय करेंसी 9 पैसे टूटकर 90.58 के स्तर पर पहुंच गई है। विदेशी निवेशकों की लगातार निकासी से रुपए पर दबाव बढ़ा है।”

हाइलाइट्स :

  • डॉलर के मुकाबले रुपया 9 पैसे गिरकर 90.58 पर पहुंचा
  • डॉलर के मुकाबले ऑल टाइम लो पर पहुंचा रुपया
  • दिसंबर के 12 दिनों में विदेशी निवेशकों ने निकाले करीब 18 हजार करोड़
  • 2025 में अब तक रुपए में 5% से ज्यादा गिरावट
  • विदेशी पूंजी निकासी से भारतीय करेंसी पर दबाव

नई दिल्ली।  डॉलर के मुकाबले ऑल टाइम लो पर पहुंचा रुपया और भारतीय करेंसी की कमजोरी का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को डॉलर के मुकाबले रुपया 9 पैसे की गिरावट के साथ 90.58 के स्तर पर पहुंच गया, जो अब तक का सबसे निचला स्तर माना जा रहा है।

बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, विदेशी निवेशकों द्वारा लगातार भारतीय बाजार से पूंजी निकासी किए जाने के कारण रुपए पर दबाव बना हुआ है। आंकड़ों के अनुसार दिसंबर के सिर्फ 12 दिनों में ही फॉरेन इन्वेस्टर्स ने भारतीय शेयर बाजार से करीब 18 हजार करोड़ रुपए निकाल लिए हैं, जिससे मुद्रा बाजार में अस्थिरता बढ़ी है।

इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर डॉलर की मजबूती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी भी रुपए की कमजोरी की बड़ी वजह मानी जा रही है। 2025 में अब तक रुपया 5 प्रतिशत से ज्यादा कमजोर हो चुका है, जो भारतीय अर्थव्यवस्था और आयात लागत दोनों के लिए चिंता का संकेत है।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर विदेशी निवेशकों की निकासी जारी रही और वैश्विक हालात ऐसे ही बने रहे, तो आने वाले दिनों में रुपए पर दबाव और बढ़ सकता है। हालांकि रिजर्व बैंक की ओर से संभावित हस्तक्षेप पर भी बाजार की नजर बनी हुई है।

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विशेष संवाददाता – मनोज शुक्ल