लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बीते आठ वर्षों में कानून का राज स्थापित होने से जनता का विश्वास बढ़ा है। कानून व्यवस्था में सुधार होने से प्रदेश का माहौल बदला है। इसलिए जरूरी है कि सिपाही से लेकर जोन अफसर तक सीधे जनता से संवाद करें। जनप्रतिनिधियों के साथ चर्चा करें। उनका कॉल रिसीव करें और उन्हें स्थितियों से अवगत करवायें। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार को ‘पुलिस मंथन’ वरिष्ठ पुलिस अधिकारी सम्मेलन-2025 को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत में राज्य सरकारों की बड़ी भूमिका है। यूपी को लेकर आठ साल में धारणा बदली है। अगर पहले की तरह दंगे होते, कर्फ्यू लगता तो क्या लोगों की धारणा बदलती। हमने कानून के दायरे में रहकर धारणा बदली है। यही कारण है कि प्रदेश में लोगों का विश्वास बढ़ा है। आज यूपी में इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े निवेश हो रहे हैं। देश के 55 फीसदी एक्सप्रेसवे यूपी में हैं जो बीते आठ साल में बने हैं। सबसे बड़ा रेल नेटवर्क और एयर कनेक्टिविटी यूपी में है। आज निवेशक यूपी में निवेश करने के लिए तैयार है क्योंकि यहां पर कानून का राज है।
उन्होंने कहा कि आठ साल में हमने किसी का चेहरा देखकर, जाति और मजहब देखकर सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं दिया है। सभी को रोजगार दिया गया है लेकिन जिसने भी कानून से छेड़छाड़ की उसको सबक सिखाया।
व्यापारी-धर्माचार्यों से संवाद करें
मुख्यमंत्री योगी ने अफसरों को निर्देश दिया कि बेहतर पुलिसिंग सिर्फ मुख्यालय में बैठकर नहीं की जा सकती है। इसके लिए जनता से सीधे संवाद करें। व्यापारी और धर्माचार्यों से संवाद करें। थाना, सर्किल और पुलिस लाइन में बेहतर समन्वय बनाएं। इससे सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी।












































































































































































































































































































































































































































































































































































































