पानी की तलाश में भटक रहे जंगली जानवर
सुरसा (हरदोई)(राष्ट्रीय प्रस्तावना) : चढता पारा जहां आदमी के लिए परेशानी का सबब बना है वहीं जंगली जानवर भी तेज गर्मी में प्यास की मार से नहीं बच पा रहे है। यही वजह है कि प्यासे जंगली जानवर घनी आबादी में अपना हलक तर करने की खातिर भटक रहे हैं। जंगल का जलश्रोत समय से पहले ही सूख चुका है। हरा भरा चारा की भी कमी हो गई है। अधिकांश जंगली जानवर भोजन और पानी की तलाश में गांव के आस पास भटक रहे हैं। सुरसा क्षेत्र के सरसैया, उमरापुर, मरसा, दहिंगवां, बीकापुर सहित दर्जनों गांवों में भोजन एवं पानी की तलाश में भटकते दर्जनों जंगली नीलगाय को किसानों के लिए खतरे का सबब बने हुए हैं। किसानों ने अनुभव किया कि प्यासे नीलगाय पानी की खोज कर रहे हैं। किसान बताते हैं भोजन और पानी की तलाश में जंगली जानवर नीलगायों का झुंड ग्रामीण इलाके में खडी फसल को खाकर भूख मिटाते हैं। बिजली संचालित मोटर के समीप बने गड्ढे में रहे पानी से प्यास बुझाते हैं। किसानों का कहना है कि जंगली जानवर नीलगाय से फसल को बचाना मुश्किल हो रहा है। छोटे लाल सिंह, ललन सिंह, रामदेव प्रसाद, हरिहर प्रसाद आदि किसानों का कहना है कि जंगल में पानी का इंतजाम हो जाए तो जंगली जानवरों को काफी राहत होगी। उन्हें गांव की ओर भटकना नहीं पड़ेगा। किसानों की फसल भी सुरक्षित रहेगी।




























































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































