उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के आंकड़ों ने सियासी हलकों की चिंता बढ़ा दी है। जिले की जिस विधानसभा सीट पर 2022 के चुनाव में जीत का अंतर सबसे कम रहा था, वहीं मतदाता सूची से सबसे अधिक वोटरों के नाम हटाए गए हैं।
नगर विधानसभा सीट पर भाजपा को 2022 में महज 782 मतों से जीत मिली थी, लेकिन एसआईआर अभियान के दौरान यहां से 1,12,338 मतदाताओं के नाम सूची से बाहर कर दिए गए। इसी तरह पूरे मुरादाबाद जिले में कुल 3.87 लाख वोटरों के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं, जो 2022 में जिले की छह विधानसभा सीटों पर जीत के कुल अंतर (1.71 लाख) से दोगुने से भी अधिक हैं।
जिला प्रशासन के मुताबिक, जिले में कुल 24.59 लाख मतदाता पंजीकृत थे, जिनमें से 20.63 लाख के गणना-प्रपत्र सही पाए गए। शेष मतदाता ‘अनकलेक्टिव वोटर’ यानी एएसडी (अनुपस्थित, शिफ्टेड, डुप्लीकेट और मृतक) श्रेणी में पाए गए। इनमें करीब 73 हजार नाम ऐसे थे, जो मृत होने के बावजूद मतदाता सूची में दर्ज थे।
इसके अलावा 2.10 लाख मतदाताओं की मैपिंग नहीं हो सकी है। इन मतदाताओं ने गणना-प्रपत्र में आवश्यक साक्ष्य या विवरण नहीं दिया था। प्रशासन का कहना है कि प्रमाण उपलब्ध कराने पर इनके नाम दोबारा सूची में जोड़े जा सकते हैं। वहीं, नए मतदाताओं के नाम जोड़ने की प्रक्रिया भी जारी है।
आंकड़ों के अनुसार, देहात विधानसभा सीट से 90,937 वोटरों के नाम हटाए गए हैं, जबकि यहां 2022 में जीत का अंतर सबसे अधिक 56,820 वोटों का था। अन्य सीटों—बिलारी, ठाकुरद्वारा, कांठ और कुंदरकी—में भी हजारों मतदाताओं के नाम सूची से बाहर हुए हैं।
राजनीतिक दलों का मानना है कि अगर कटे हुए नाम दोबारा नहीं जुड़े और नए मतदाता पर्याप्त संख्या में नहीं जोड़े गए, तो इसका सीधा असर 2027 के विधानसभा चुनाव पर पड़ सकता है।
प्रशासन के अनुसार, दावे और आपत्तियां 30 जनवरी तक ली गई थीं, जिनका निस्तारण 21 फरवरी तक किया जाएगा। इसके बाद 28 फरवरी को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।










































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































