
राष्ट्रीय प्रस्तावना न्यूज़ नेटवर्क रायबरेली : उत्तर प्रदेश सरकार की सेवा, सुरक्षा और सुशासन नीति के आठ वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित त्रिदिवसीय जनपदीय विकास उत्सव के तहत सामुदायिक केंद्र, विकास प्राधिकरण, रतापुर में मेले और प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।
उत्सव के दूसरे दिन वित्त एवं प्रशासकीय विलंब समिति के सभापति पवन कुमार सिंह ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। इस अवसर पर जिलाधिकारी हर्षिता माथुर, पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह, मुख्य विकास अधिकारी अर्पित उपाध्याय, अपर जिलाधिकारी प्रशासन सिद्धार्थ, भाजपा जिलाध्यक्ष बुद्धिलाल पासी समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
सरकारी योजनाओं की प्रदर्शनी और लाभार्थियों को मिला सम्मान
कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं के स्टॉल लगाए गए, जहां अतिथियों ने भ्रमण कर योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। केंद्र और राज्य सरकार की 10 और 8 वर्षों की उपलब्धियों पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया गया।
इसके बाद दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया और अतिथियों का स्वागत किया गया। छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया, वहीं सरकार की विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को चेक व प्रमाण पत्र वितरित किए गए। साथ ही, विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाले नागरिकों को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रदेश सरकार के आठ वर्षों की उपलब्धियों और महाकुंभ 2025 पर बनी लघु फिल्म का प्रदर्शन किया गया। सूचना एवं सांस्कृतिक विभाग के पंजीकृत दलों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।
उत्तर प्रदेश बना सुशासन और विकास का मॉडल
अपने संबोधन में पवन कुमार सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री के विजन और मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश तेजी से आगे बढ़ रहा है। सरकार ने वंचितों को प्राथमिकता देते हुए आठ वर्षों में करोड़ों लोगों को गरीबी रेखा से ऊपर उठाने में सफलता प्राप्त की है।
- 15 करोड़ गरीबों को मुफ्त राशन,
- 1.86 करोड़ परिवारों को मुफ्त गैस कनेक्शन,
- 2.86 करोड़ किसानों को किसान सम्मान निधि,
- 9 करोड़ लाभार्थियों को 5 लाख तक की चिकित्सा सुरक्षा,
- 56.50 लाख से अधिक परिवारों को मुफ्त आवास,
जैसी योजनाओं ने राज्य के विकास को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था एक मॉडल बन चुकी है। महिला अपराधों में त्वरित न्याय दिलाने में प्रदेश देश में प्रथम स्थान पर है। आज गूगल पर “एक्सप्रेसवे स्टेट” सर्च करने पर उत्तर प्रदेश का नाम आता है। वर्तमान में 6 एक्सप्रेसवे संचालित हैं और 11 नए पर कार्य जारी है।
विकास और निवेश को मिली नई गति
2017 से पहले उत्तर प्रदेश में सिर्फ 4 एयरपोर्ट (लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, आगरा) ऑपरेशनल थे, लेकिन अब 16 एयरपोर्ट संचालित हैं, जिनमें 5 अंतरराष्ट्रीय स्तर के हैं। बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और सुशासन की वजह से निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। सिंगल विंडो सिस्टम निवेश सारथी पोर्टल के जरिए उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा, “पहले यूपी में बिजली आना खबर बनता था, अब बिजली जाना अखबार में छपता है।” उत्तर प्रदेश आयुष्मान कार्ड बनाने और पीएम स्वनिधि योजना के तहत स्ट्रीट वेंडर्स को ऋण देने में भी देश में प्रथम स्थान पर है।
महाकुंभ 2025: अर्थव्यवस्था के लिए वरदान
उन्होंने कहा कि महाकुंभ 2025 न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से बल्कि आर्थिक रूप से भी लाभदायक सिद्ध हो रहा है। उत्तर प्रदेश अब धार्मिक, आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों के केंद्र के रूप में पहचान बना चुका है।
प्रधानमंत्री आवास योजना, किसान सम्मान निधि और महिला सुरक्षा के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश देश में अव्वल है। सुधरी कानून व्यवस्था और बेहतर संसाधनों ने निवेशकों और व्यापारियों को सुरक्षा और स्थिरता की गारंटी दी है।
उत्सव में अधिकारियों और नागरिकों की भागीदारी
इस कार्यक्रम में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. नवीन चंद्रा, जिला विकास अधिकारी अरुण कुमार, परियोजना निदेशक डीआरडीए सतीश प्रसाद मिश्र, उप निदेशक कृषि विनोद कुमार, उपायुक्त उद्योग परमहर्षलाल श्रीवास्तव, जिला समाज कल्याण अधिकारी सृष्टि अवस्थी, जिला दिव्यांगजन अधिकारी मोहन त्रिपाठी, जिला प्रोबेशन अधिकारी जयपाल वर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी विनय कुमार सिंह सहित कई अधिकारी, गणमान्य नागरिक और लाभार्थी उपस्थित रहे।