“सीएम योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या के बदले स्वरूप पर बड़ा संदेश दिया। फोर लेन सड़कें, विश्वस्तरीय सुविधाएं और 45 करोड़ श्रद्धालुओं के आगमन से अयोध्या बनी नए भारत की सांस्कृतिक राजधानी।”
हाइलाइट्स :
- सीएम योगी ने अयोध्या के बदलते स्वरूप पर दिया बड़ा संदेश
- सिंगल लेन सड़कों से फोर लेन इन्फ्रास्ट्रक्चर तक का सफर
- हर मौसम में सुरक्षित, सहज और संतोषजनक दर्शन की व्यवस्था
- 5 वर्षों में 45 करोड़ से अधिक श्रद्धालु पहुंचे अयोध्या धाम
- अयोध्या बनी आस्था, विकास और विरासत का वैश्विक संगम
अयोध्या अब केवल आस्था नहीं, विकास और गौरव का वैश्विक प्रतीक
अयोध्या। आज अयोध्या केवल आस्था का केंद्र भर नहीं रही, बल्कि विकास, विरासत और राष्ट्रीय गौरव का वैश्विक प्रतीक बन चुकी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या के ऐतिहासिक बदलाव पर बड़ा संदेश देते हुए कहा कि यह परिवर्तन यात्रा का अंत नहीं, बल्कि एक नई यात्रा की शुरुआत है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा—
“जिस अयोध्या में कभी सिंगल लेन सड़कें थीं, आज वहां चारों ओर फोर लेन सड़कें हैं। अब कोई भी श्रद्धालु, किसी भी मौसम में आए—वह सहज, सुरक्षित और संतोष के साथ दर्शन कर लौटता है।”
विकास के साथ विरासत पर गर्व
सीएम योगी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अयोध्या में विकास की प्रक्रिया किसी विराम पर नहीं रुकी है।
“यह यात्रा का विराम नहीं है, बल्कि यह एक नई यात्रा की शुरुआत है। विरासत पर गौरव की अनुभूति के साथ विकास के नित नए प्रतिमान स्थापित किए जा रहे हैं।”
उन्होंने कहा कि अयोध्या आज विश्वस्तरीय सुविधाओं के साथ एक आधुनिक तीर्थ नगरी के रूप में उभर रही है।
वैश्विक पहचान की ओर बढ़ती अयोध्या
मुख्यमंत्री ने अयोध्या की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा पर जोर देते हुए कहा—
“आज देश और दुनिया का कोई भी श्रद्धालु ऐसा नहीं है, जो अयोध्या आकर अभिभूत न होता हो।”
यह बयान अयोध्या की अंतरराष्ट्रीय छवि और बढ़ते धार्मिक पर्यटन की सशक्त गवाही देता है।
आंकड़े बता रहे हैं विकास की कहानी
अयोध्या में आए परिवर्तन को आंकड़े भी मजबूती से प्रमाणित करते हैं—
- पिछले 5 वर्षों में 45 करोड़ से अधिक श्रद्धालु अयोध्या धाम पहुंचे
- बेहतर सड़कें, यातायात व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंधन
- श्रद्धालुओं के लिए सुव्यवस्थित दर्शन और सुविधाएं
नए भारत की सांस्कृतिक राजधानी
आस्था, विकास और विरासत—तीनों का संगम बन चुकी अयोध्या आज नए भारत की सांस्कृतिक राजधानी के रूप में स्थापित हो रही है।
यह केवल एक तीर्थ स्थल नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक चेतना और विकास दृष्टि का जीवंत उदाहरण बन चुकी है।









































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































