यूपी में होली पर पांच करोड़ रुपये के उत्पाद, UPSRLM Holi Campaign 2026, Uttar Pradesh SHG Products Sale, स्वयं सहायता समूह बिक्री अभियान, UP Rural Livelihood Mission News, Lucknow State Bureau Update, Holi Herbal Gulal UP, UP Government Scheme Women Empowerment, UP Festival Market News 2026, Uttar Pradesh Government Scheme Update, Lucknow Government Initiative,हर्बल गुलाल बनाती SHG महिलाएं, Herbal Gulal making women UP, UPSRLM Holi Campaign photo, Lucknow SHG product sale counter, Uttar Pradesh women empowerment scheme image, Rural livelihood mission UP photo,#UPHoli2026, #UPSRLM, #SHGProducts, #WomenEmpowermentUP, #HerbalGulal, #UttarPradeshNews, #LucknowUpdate, #GovernmentSchemeUP, #FestivalMarketUP,

यूपी में होली पर पांच करोड़ रुपये के उत्पाद बेचने का लक्ष्य। UPSRLM ने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए राज्यव्यापी अभियान शुरू किया। हर्बल गुलाल, पापड़, मिठाइयां और हस्तशिल्प की बिक्री बढ़ेगी।” पढ़ें लखनऊ से पूरी रिपोर्ट

हाइलाइट्स :

  • यूपीएसआरएलएम ने होली पर विशेष बिक्री अभियान शुरू किया
  • स्वयं सहायता समूह की दीदियां बेचेंगी 5 करोड़ रुपये के उत्पाद
  • हर्बल, केमिकल-फ्री गुलाल और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा
  • सभी जिलों में सरकारी परिसरों में लगाए जाएंगे बिक्री काउंटर

लखनऊ। होली पर्व को ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण से जोड़ते हुए उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (यूपीएसआरएलएम) ने राज्यव्यापी बिक्री अभियान शुरू किया है। मिशन ने इस बार पांच करोड़ रुपये के उत्पादों की बिक्री का लक्ष्य तय किया है।

अभियान के तहत स्वयं सहायता समूह (SHG) की दीदियां हर्बल गुलाल-अबीर समेत पापड़, चिप्स, मिठाइयां, अगरबत्ती और हस्तशिल्प उत्पादों की बिक्री करेंगी।

हर्बल गुलाल को मिलेगा बढ़ावा

मिशन निदेशक दीपा रंजन ने बताया कि समूह की महिलाएं प्राकृतिक संसाधनों से केमिकल-फ्री हर्बल गुलाल तैयार कर रही हैं।

इन रंगों को पलास के फूल, चुकंदर, गेंदे के फूल और पालक के रस जैसे प्राकृतिक तत्वों से बनाया जा रहा है। पर्यावरण के अनुकूल और त्वचा के लिए सुरक्षित इन उत्पादों को बाजार में विशेष रूप से प्रचारित किया जा रहा है।

सरकारी परिसरों में लगेंगे बिक्री काउंटर

राज्य के सभी जिलों में विकास भवन, कलेक्ट्रेट, तहसील और अन्य शासकीय परिसरों में स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों के प्रदर्शनी एवं बिक्री काउंटर स्थापित किए जा रहे हैं।

जिला प्रशासन, नगर निकायों और संबंधित विभागों के सहयोग से संस्थागत और सामूहिक खरीद को भी बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार मिल सके।

महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की पहल

यूपीएसआरएलएम के इस अभियान का उद्देश्य होली जैसे बड़े पर्व पर ग्रामीण उत्पादों को शहरी बाजार से जोड़ना है। इससे स्वयं सहायता समूहों की आय बढ़ेगी और ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता मजबूत होगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इस प्रकार के मौसमी अभियानों को नियमित रूप से संचालित किया जाए तो स्थानीय उत्पादों को स्थायी बाजार मिल सकता है और महिला उद्यमिता को नई गति मिल सकती है।

“देश-दुनिया से जुड़े राजनीतिक और सामयिक घटनाक्रम की विस्तृत और सटीक जानकारी के लिए ‘राष्ट्रीय प्रस्तावना’ के साथ जुड़े रहें। ताज़ा खबरों, चुनावी बयानबाज़ी और विशेष रिपोर्ट्स के लिए हमारे साथ बने रहें।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *