हरदोई देवस्थान मूर्ति तोड़फोड़, बघौली थाना पुरवा गांव हरदोई, हरदोई धार्मिक घटना, उत्तर प्रदेश अपराध समाचार, हरदोई ताजा खबर, Hardoi temple vandalism, Baghauli police station Hardoi, Purwa village Hardoi news, Uttar Pradesh religious news, Hardoi crime news,हरदोई देवस्थान क्षतिग्रस्त मूर्तियां, बघौली पुरवा गांव देवस्थान, मां दुर्गा मूर्ति टूटी हरदोई, शिवलिंग क्षतिग्रस्त, Hardoi damaged temple idols, Purwa village temple vandalism, Baghauli Hardoi religious incident,#हरदोईदेवस्थानमूर्तितोड़फोड़, #HardoiTempleVandalism, #BaghauliHardoi, #PurwaVillage, #UPNews, #UttarPradesh, #ReligiousNews, #CrimeNews, #HardoiNews, #DevsthanAttack,

“ममता बनर्जी की रहस्यमयी ‘ग्रीन फाइल’ को लेकर बंगाल की राजनीति में उबाल है। आई-पैक पर ईडी की छापेमारी, मुख्यमंत्री का हस्तक्षेप और सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा मामला केंद्र-राज्य टकराव को और गहरा कर रहा है।”

हाइलाइट्स :

  • रहस्यमयी ‘ग्रीन फाइल’ से बंगाल की राजनीति में भूचाल
  • आई-पैक पर ईडी की छापेमारी के दौरान ममता का हस्तक्षेप
  • केंद्र और राज्य के बीच संवैधानिक टकराव तेज
  • कोयला तस्करी के पैसे आई-पैक तक पहुंचने का आरोप
  • मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, कानूनी जंग शुरू
  • भाजपा-माकपा ने ममता पर लगाए गंभीर आरोप

कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजनीति में इन दिनों सिर्फ एक ही शब्द गूंज रहा है— ‘ग्रीन फाइल’। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के हाथ में दिखी इस रहस्यमयी फाइल ने राज्य से लेकर देश की राजनीति में हलचल मचा दी है। विधानसभा चुनाव में अब केवल कुछ ही महीने बचे हैं और इसी बीच ‘दीदी बनाम ईडी’ की जंग खुलकर सामने आ गई है।

तृणमूल कांग्रेस की चुनावी रणनीति तैयार करने वाली संस्था आई-पैक (इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी) के दफ्तर पर ईडी की छापेमारी ने इस पूरे विवाद को जन्म दिया। बंगाल के राजनीतिक इतिहास में यह पहली बार देखा गया, जब किसी राज्य की मुख्यमंत्री ने खुद ईडी की कार्रवाई के दौरान मौके पर पहुंचकर हस्तक्षेप किया।

हाई-वोल्टेज ड्रामा और ‘ग्रीन फाइल’

कोलकाता के लाउड स्ट्रीट स्थित आई-पैक के सह-संस्थापक प्रतीक जैन के आवास और साल्टलेक स्थित कार्यालय में जब ईडी दस्तावेज खंगाल रही थी, तभी ममता बनर्जी अपने पूरे काफिले के साथ वहां पहुंचीं। करीब छह घंटे चले इस घटनाक्रम के बाद वे एक लैपटॉप और रहस्यमयी ‘ग्रीन फाइल’ लेकर बाहर निकलीं। यह दृश्य किसी राजनीतिक थ्रिलर से कम नहीं था।

इस घटनाक्रम ने न केवल जांच एजेंसी को बैकफुट पर ला दिया, बल्कि केंद्र और राज्य के बीच संवैधानिक टकराव को भी चरम पर पहुंचा दिया।

ममता बनर्जी का आरोप

ममता बनर्जी का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई तृणमूल कांग्रेस की चुनावी रणनीति पर हमला है। उनका आरोप है कि भाजपा, ईडी के जरिए 2026 के विधानसभा चुनाव की रणनीति चुराना चाहती है। इसी के विरोध में कोलकाता की सड़कों पर ममता का पैदल मार्च और दिल्ली में तृणमूल सांसदों का प्रदर्शन देखने को मिला।

भाजपा का पलटवार

भाजपा ने मुख्यमंत्री पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि ममता बनर्जी ने एक निजी कंसल्टेंसी फर्म के लिए कानून हाथ में लिया और सबूतों से छेड़छाड़ की। भाजपा सांसद संबित पात्रा ने आरोप लगाया कि ममता ने बंगाल को “कानून से बाहर” कर दिया है। भाजपा इस मुद्दे को 2026 के चुनाव में भ्रष्टाचार और अराजकता के मुद्दे से जोड़कर भुनाने की तैयारी में है।

ईडी का दावा

ईडी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर आरोप लगाया है कि कोयला तस्करी से जुड़े 20 करोड़ रुपये हवाला के जरिए आई-पैक तक पहुंचे, जिनका इस्तेमाल 2022 के गोवा विधानसभा चुनाव में किया गया। एजेंसी का कहना है कि राज्य सरकार ने जांच में बाधा डाली।

दूसरी ओर, बंगाल सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कैविएट दाखिल कर अपना पक्ष सुने जाने की मांग की है। इतना ही नहीं, ममता बनर्जी की शिकायत पर कोलकाता और विधाननगर पुलिस ने ईडी अधिकारियों के खिलाफ ‘डाटा चोरी’ का मामला भी दर्ज कर लिया है।

माकपा भी भाजपा के सुर में

इस पूरे विवाद में माकपा भी भाजपा के सुर में सुर मिलाती दिख रही है। माकपा प्रदेश सचिव मोहम्मद सलीम ने सवाल उठाया कि एक निजी कंपनी के लिए मुख्यमंत्री का सड़क पर उतरना कितना उचित है।

आगे क्या?

अब यह मामला हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट दोनों में विचाराधीन है। ‘ग्रीन फाइल’ में क्या है, यह अभी भी रहस्य बना हुआ है। सियासी गलियारों में सबसे बड़ा सवाल यही है कि इस विवाद से चुनावी फायदा किसे होगा— ममता बनर्जी को या भाजपा को।

फिलहाल, इतना तय है कि ‘ग्रीन फाइल’ विवाद ने बंगाल की राजनीति को एक बार फिर हाई-वोल्टेज मोड़ पर ला खड़ा किया है, और इसका असर 2026 के विधानसभा चुनाव पर साफ दिखाई देगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *